Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    News Hint24
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
      • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
    • छत्तीसगढ़
      • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • करियर
      • लाइफ स्टाइल
    News Hint24
    Home»धर्म»कौन सा है वह सांप जो शंकर जी के गले में दिखता है, कहां है उसका मंदिर?
    धर्म

    कौन सा है वह सांप जो शंकर जी के गले में दिखता है, कहां है उसका मंदिर?

    News DeskBy News DeskJanuary 14, 2025No Comments3 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    कौन सा है वह सांप जो शंकर जी के गले में दिखता है, कहां है उसका मंदिर?
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    महाकुंभ का मेला (Mahakumbh 2025) प्रयागराज में शुरू हो चुका है. इस कुंभ में प्रयागराज में गंगा स्नान का बहुत महत्व है. वैसे तो पौराणिक कथाओं में कुंभ का भगावन शिव से सीधा कोई संबंध नहीं है. लेकिन  शंकर भगवान की चर्चा कुंभ में अधिक होती है क्योंकि कुंभ मेला नागा साधुओं के भाग लेने से विशेष तौर पर सुर्खियों में रहता है, जो शिव जी के उपासक होते हैं. शिवजी का ध्यान आते ही एक ऐसे शख्स की तस्वीर जहन में आती है जो कपड़े नहीं पहना है और  उसके गले में एक सांप (Snake on Lord shiva neck) होता है. आइए जानते हैं कि यह कौन सा सांप है और इसका प्रयागराज से क्या नाता है?

    देवता के गले में सांप
    शंकर जी की छवि एक बहुत ही सरल के किस्म के देवता की है. वे किसी तरह के कुलीन, सम्पन्न और बहुत ही राजसी व्यक्ति कि तरह दिखाई नहीं देते हैं. इसके उलट वे ऐसे देवता हैं जो कपड़े नहीं पहनते हैं, शेर की खास पहनते है. तामसिक प्रवृतियों के देव हैं. जो किसी को नहीं चढ़ता वह उनको चढ़ता है. उनका अस्त्र भी त्रिशूल जैसा असामान्य अस्त्र है.  और सबसे अजीब बात उनका वाहन बैल है और उनके गले में एक सांप दिखाई देता है. पर आखिर यह सांप कौन सा है?

    कोबरा नहीं है ये सांप
    अगर आप शंकर जी की प्रचलित तस्वीरों पर गौर कर अक्सर आपको इसमें किंग कोबरा ही दिखाई देगा.  पर क्या असल में शंकर जी के गले में किंग कोबरा ही विराजमान रहता है ? जी नहीं अगर पुराणों और अन्य धार्मिक ग्रंथों में दिए भगवान शिव के विवरण को मानें तो शिव जी के गले में नाग वासुकि विराजमान हैं

    कौन हैं वासुकि नाग?
    हिंदू पौराणिक कथाओं के अनुसार वासुकि नागों के देवता और भगवान शिव के अनन्य भक्त थे और उनकी भक्ति से प्रसन्न हो कर ही उन्होंने वासुकि को अपने गले में धारण किया था. इसके अलावा भी वासुकि की वर्णन कई जगह मिलता है लेकिन समुद्र मंथन में वासुकी की विशेष भूमिका रह है.

    तो क्या असल में नहीं है वासुकि की अस्तित्व
    संयोग कहें या चमत्कार ऐसा बिलकुल नहीं है. साल 2005 में वासुकि नाग के अवशेष गुजराज के कच्छ जिले में एक खदान में मिले थे. तमाम अध्ययनों के बाद साल पिछले साल ही वैज्ञानिकों ने माना कि यह 10.9 से 15.2 मीटर  लंबा पुरातन सांप था जो अब तक का सबसे लंबा और विशाल सांप था. अनुमान है कि इसका वजन एक टन का था

    शायद ये वासुकि ना हो, तो भी…
    बेशक इस सांप का नाम वैज्ञानिकों ने वासुकि सांप के नाम पर वासुकि इंडस रखा है. लेकिन रिसर्च यह जरूर साबित करती है कि जिस तरह पुराणों में इंसानों के कई गुना बड़े नागों का जिक्र है, वह असंभव नहीं था. ऐसे में चाहे वासुकी हो या शेषनाग उनका अस्तिव नहीं होगा, ऐसा दावा करना अब मुश्किल है.

    कहां है वासुकी का मंदिर
    कम लोगों को पता है कि भारत में वासुकि नाग का भी एक मंदिर हैं.संयोगवश यह मंदिर वहीं है जहां आज कुंभ का मेला लगा हुआ है, यानी कि प्रयागराज जिसे कुछ सदियों पहले इलाहबाद कहा जाने लगा था.. प्रायग राज के नागराज वासुकी मंदर की खास बात ये है कि यहां वासुकी देवता के रूप में विराजमान है और मान्यता है कि यहं जाने वाले का कालसर्पदोष नष्ट हो जाता है.

    News Desk

    Related Posts

    पंचांग : आज की तिथि में छिपा है अच्छी सेहत का राज! जानें चिकित्सा कार्यों के लिए क्यों है यह सबसे उत्तम दिन

    February 2, 2026

    राशिफल: आज की एक छोटी सी शांति दिलाएगी बड़ी सफलता! जानें सोमवार को आपके भाग्य के सितारे क्या इशारा कर रहे हैं

    February 2, 2026

    पहाड़ों में बर्मा के बिना अधूरा माना जाता है शुभ कार्य, जानें 108 तिनकों से बने देवताओं के इस पवित्र आसन का रहस्य

    February 2, 2026

    जागरण से जागेगा सौभाग्य, भोलेनाथ देंगे मनचाहा वरदान, जानें महाशिवरात्रि की 4 प्रहर पूजा का विशेष फल

    February 2, 2026

    गुमला में यहां 2,000 फीट की ऊंचाई पर बसते हैं बाबा वैद्यनाथेश्वर, रामायण काल से जुड़ी है मान्यता

    February 2, 2026

    गुमला में यहां 2,000 फीट की ऊंचाई पर बसते हैं बाबा वैद्यनाथेश्वर, रामायण काल से जुड़ी है मान्यता

    February 2, 2026
    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    अन्य ख़बरें

    मुख्यमंत्री ने कुदरगढ़ी माता मंदिर में पूजा-अर्चना कर की प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना….

    March 21, 2026

    आस्था के केंद्र कुदरगढ़ धाम का होगा भव्य विकास- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय…

    March 21, 2026

    उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने की भोरमदेव कॉरिडोर निर्माण की समीक्षा….

    March 21, 2026

    वनौषधि परंपरा के संरक्षण के लिए सरकार प्रतिबद्ध : वन मंत्री केदार कश्यप….

    March 21, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक - Mansoor Hasan
    मोबाइल - +91 9300847172
    ईमेल - [email protected]

    कार्यालय

    छत्तीसगढ़ - 40/504 , EVERGREEN CHOWK , BAIJANTAHAPARA , Raipur - CG

    मध्यप्रदेश - NOORMAHAL, PATHAR WALI GALI NO. 02, BHOPAL Dist.-BHOPAL
    March 2026
    M T W T F S S
     1
    2345678
    9101112131415
    16171819202122
    23242526272829
    3031  
    « Feb    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.