Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    News Hint24
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
      • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
    • छत्तीसगढ़
      • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • करियर
      • लाइफ स्टाइल
    News Hint24
    Home»राज्य»छत्तीसगढ़»जर्जर छात्रावास बना खतरा: टपकती छत को प्लास्टिक से ढंका, मासूमों की जिंदगी दांव पर
    छत्तीसगढ़

    जर्जर छात्रावास बना खतरा: टपकती छत को प्लास्टिक से ढंका, मासूमों की जिंदगी दांव पर

    News DeskBy News DeskAugust 21, 2025No Comments3 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    जर्जर छात्रावास बना खतरा: टपकती छत को प्लास्टिक से ढंका, मासूमों की जिंदगी दांव पर
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    बलरामपुर रामानुजगंज

    बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के शंकरगढ़ विकासखंड अंतर्गत जोका पाठ छात्रावास की हालत किसी खंडहर से कम नहीं है। यहां पढ़ने और रहने वाले 50 से अधिक आदिवासी बच्चे अपनी जान दांव पर लगाकर जर्जर भवन में रहने को मजबूर हैं। स्थिति इतनी भयावह है कि पूरे छात्रावास को बारिश से बचाने के लिए प्लास्टिक की चादर से ढककर रखा गया है। छात्रावास अधीक्षक का कहना है कि बरसात के दिनों में भवन की छत से लगातार पानी टपकता है, जिसके कारण बच्चों का रहना और पढ़ाई करना बेहद कठिन हो जाता है।

    अधीक्षक ने बताया कि इस समस्या की जानकारी कई बार उच्च अधिकारियों को दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। पिछले वर्ष भी यही समस्या थी और इस साल भी वही स्थिति दोहराई जा रही है। दीवारें पूरी तरह सीलन और नमी से भर चुकी हैं। जगह-जगह दरारें और गड्ढे हो गए हैं। किसी भी वक्त बड़ा हादसा हो सकता है।

    30 बिस्तरों पर 50 बच्चों का ठिकाना
    छात्रावास में वर्तमान समय में 50 बच्चे रह रहे हैं। लेकिन यहां बिस्तर सिर्फ 30 ही उपलब्ध हैं। मजबूरीवश दो-दो बच्चे एक ही बिस्तर पर सोने को विवश हैं। बच्चों को न तो उचित सोने की व्यवस्था मिल रही है और न ही रहने के लिए सुरक्षित भवन।

    उल्लेखनीय है कि यह छात्रावास विशेष रूप से सुदूर अंचल के आदिवासी बच्चों के लिए बनाया गया था, ताकि वे यहां रहकर पढ़ाई कर सकें और बेहतर भविष्य की ओर बढ़ सकें। लेकिन जिस स्थिति में यह भवन आज खड़ा है, उसे देखकर कहना मुश्किल है कि यहां कोई सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण उपलब्ध हो रहा है।

    प्रशासन की अनदेखी पर उठे सवाल
    सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि आज तक यहां किसी भी जिला अधिकारी ने दौरा तक नहीं किया। अधीक्षक से जब पूछा गया कि आपके जिला अधिकारी का क्या नाम है, तो उन्होंने साफ कहा कि उन्हें याद नहीं। इसका सीधा मतलब यह है कि आज तक इस छात्रावास की स्थिति जानने कोई जिम्मेदार अधिकारी यहां पहुंचे ही नहीं।

    स्थानीय लोगों का कहना है कि आदिवासी आयुक्त अधिकारी की गंभीर लापरवाही का परिणाम है। वर्षों से यहां के बच्चे प्लास्टिक से ढंके भवन में रह रहे हैं और प्रशासन आंख मूंदकर बैठा है। बच्चों की जिंदगी से बड़ा कोई विषय नहीं, लेकिन अफसरों की उदासीनता ने यह स्थिति बना दी है।

    बच्चों के भविष्य पर संकट
    आदिवासी विभाग के प्रयासों के बावजूद जमीनी हकीकत यह है कि आदिवासी अंचलों में शिक्षा की मूलभूत सुविधाएं बेहद खराब हैं। जोका पाठ छात्रावास इसका जीता-जागता उदाहरण है। जहां मासूम बच्चे तंग हालात में रहकर पढ़ाई कर रहे हैं। न समय पर बिस्तर, न सुरक्षित भवन और न ही स्वच्छ वातावरण। बारिश के दिनों में प्लास्टिक की छत के नीचे बच्चों का सोना और पढ़ाई करना यह दर्शाता है कि शिक्षा के अधिकार का सपना यहां कितना अधूरा है।

    तुरंत कार्रवाई की मांग
    स्थानीय ग्रामीणों ने मांग की है कि प्रशासन तुरंत इस भवन की मरम्मत या नए भवन के निर्माण की दिशा में कदम उठाए। क्योंकि यदि समय रहते सुधार नहीं किया गया तो किसी भी दिन बड़ी दुर्घटना हो सकती है। बच्चों के भविष्य और जीवन की सुरक्षा को लेकर ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से गुहार लगाई है कि जल्द से जल्द उच्च अधिकारियों की टीम मौके पर भेजी जाए और उचित कदम उठाए जाएं।

     

    News Desk

    Related Posts

    मुख्यमंत्री पर्यटन विकास मिशन से छत्तीसगढ़ के पर्यटन को मिलेगी नई पहचान : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय….

    October 13, 2026

    वृक्षों के पातन और लॉगिंग पर आयोजित हुई वर्कशॉप, उन्नत तकनीकों के साथ श्रमिक सुरक्षा पर जोर, वन विकास निगम ने कवर्धा में मैदानी अमले को दिया व्यावहारिक प्रशिक्षण….

    October 13, 2026

    वृक्षों के पातन और लॉगिंग पर आयोजित हुई वर्कशॉप, उन्नत तकनीकों के साथ श्रमिक सुरक्षा पर जोर, वन विकास निगम ने कवर्धा में मैदानी अमले को दिया व्यावहारिक प्रशिक्षण….

    October 13, 2026

    आजादी के बाद पहली बार ग्राम चांगेर में पहुंची विकास की रोशनी, विद्युतीकरण से रोशन हुआ ग्राम चांगेर के 23 घर….

    October 13, 2026

    सड़क सुरक्षा का संदेश लेकर सूरजपुर में दौड़े 800 प्रतिभागी, महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल बाइक रैली में हुए शामिल….

    October 13, 2026

    सेवा संकल्प अभियान : बंगोली में जनचौपाल लगाकर मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं….

    October 13, 2026
    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    अन्य ख़बरें

    मुख्यमंत्री पर्यटन विकास मिशन से छत्तीसगढ़ के पर्यटन को मिलेगी नई पहचान : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय….

    October 13, 2026

    वृक्षों के पातन और लॉगिंग पर आयोजित हुई वर्कशॉप, उन्नत तकनीकों के साथ श्रमिक सुरक्षा पर जोर, वन विकास निगम ने कवर्धा में मैदानी अमले को दिया व्यावहारिक प्रशिक्षण….

    October 13, 2026

    वृक्षों के पातन और लॉगिंग पर आयोजित हुई वर्कशॉप, उन्नत तकनीकों के साथ श्रमिक सुरक्षा पर जोर, वन विकास निगम ने कवर्धा में मैदानी अमले को दिया व्यावहारिक प्रशिक्षण….

    October 13, 2026

    आजादी के बाद पहली बार ग्राम चांगेर में पहुंची विकास की रोशनी, विद्युतीकरण से रोशन हुआ ग्राम चांगेर के 23 घर….

    October 13, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक - Mansoor Hasan
    मोबाइल - +91 9300847172
    ईमेल - [email protected]

    कार्यालय

    छत्तीसगढ़ - 40/504 , EVERGREEN CHOWK , BAIJANTAHAPARA , Raipur - CG

    मध्यप्रदेश - NOORMAHAL, PATHAR WALI GALI NO. 02, BHOPAL Dist.-BHOPAL
    October 2026
    M T W T F S S
     1234
    567891011
    12131415161718
    19202122232425
    262728293031  
    « Sep    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.